उत्तर प्रदेश में सत्ता परिवर्तन की आहट! अखिलेश यादव के बंगले की साफ़ सफाई में जुटा संपत्ति विभाग

ख़बर शेयर करें -

आज़ाद क़लम विशेष, लखनऊ। प्रदेश में 7 मार्च को अंतिम चरण का मतदान होना है। लेकिन इस बीच पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के बंगले की साफ सफाई का काम शुरू कर दिए जाने की वजह से प्रदेश में सियासत को लेकर हलचल बढ़ गई है।

‘दैनिक भास्कर’ में छपी खबर के अनुसार, उत्तर प्रदेश सरकार का संपत्ति विभाग चुनाव के नतीजों से पहले 3 साल 8 महीने से बंद पड़े दोनों बंगलों की मरम्मत और साफ सफाई करवा रहा है। ध्यान देने वाली बात यह है कि राज्य संपत्ति विभाग का प्रभार सीएम योगी के एसीएस के पास ही है। अब सत्ता के गलियारों में इन घटनाक्रम को बदलाव के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।

यह भी पढ़ें 👉  पश्चिम बंगाल, असम, केरल, तमिलनाडु और पुडुचेरी विधानसभा चुनावों के Exit Polls में किसकी सरकार बनती दिख रही है? जानिए Poll Of Exit Polls की पूरी रिपोर्ट और सीटों का अनुमान

सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव और मुलायम सिंह को लखनऊ के विक्रमादित्य मार्ग पर स्थित बंगला नंबर 4 और 5 पूर्व आवंटित किए गए थे। जून 2018 में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद इन्हें खाली करवा लिया गया. 3 साल 8 महीने से ये किसी को भी आवंटित नहीं किए गए। जिस वजह से यहां हर तरफ झाड़ियां उग आईं थीं। राज्य संपत्ति विभाग के अधिकारियों ने गेट बाहर से बंद कराकर अंदर ही अंदर मरम्मत और साफ-सफाई का काम शुरू कर दिया है।

यह भी पढ़ें 👉  Uttarakhand: कैबिनेट बैठक में आए 18 प्रस्ताव, मोटरयान संशोधन नियमावली 2026 को मंजूरी, ये अहम फैसले भी लिए गए

फिटिंग के साथ 5 नंबर बंगले की दीवारों और छतों पर प्लास्टर भी बदली जा रही है। एंटी-टरमाइट (दीमकरोधी) ट्रीटमेंट हो रहा है। साथ ही शीशे बदले गए। भीतर दो बार सफाई हो चुकी है। चुपके से निगम के ट्रकों को कचरा लेकर बाहर निकाला जा रहा है।

60,000 वर्ग फुट का आलीशान बंगला सीएम के रहते हुए अखिलेश यादव के लिए लखनऊ के पॉश एरिया विक्रमादित्य मार्ग स्थित तैयार कराया गया. अपने परिवार के साथ अखिलेश यादव अपने पिता का घर छोड़ कर इस बंगले में शिफ्ट भी हो गए थे।

ADVERTISEMENTS Ad Ad
Ad