गोली लगने के बाद मेहविश की मौत, फिर मिटाए खून के निशान और हटाया शव; तीन गिरफ्तार

काशीपुर। आईटीआई क्षेत्र में युवती मेहविश की गोली लगने से हुई मौत के मामले में कोतवाली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त 12 बोर का अवैध तमंचा और एक खोखा कारतूस बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, घटना के बाद आरोपियों ने फर्श पर पड़े खून के निशान मिटाने का प्रयास किया और शव को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाकर घटनास्थल बदलने की कोशिश की।
पुलिस के मुताबिक, 10 सितंबर को महुआखेड़ागंज क्षेत्र में युवती मेहविश की गोली लगने से मौत हो गई थी। मामले में मृतका के परिजन फैजम हुसैन पुत्र स्व. फरियाद हुसैन निवासी महुआखेड़ागंज की तहरीर पर 11 सितंबर को कोतवाली आईटीआई में धारा 103(1), 238 व 61(2) बीएनएस के तहत अभियोग दर्ज किया गया था।
घटना के खुलासे के लिए 12 सितंबर को पुलिस टीम चौकी पैगा क्षेत्र में तलाश और विवेचनात्मक कार्रवाई में जुटी थी। इसी दौरान मुखबिर की सूचना पर अलीगंज रोड से पीपल गांव जाने वाले मार्ग पर राधास्वामी सत्संग के पास घेराबंदी की गई। पुलिस ने मौके से साजिद, सबीना और फिजा को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ और तलाशी के दौरान साजिद के कब्जे से 12 बोर का अवैध तमंचा और एक खोखा कारतूस बरामद हुआ। आरोपियों के खिलाफ धारा 105/91(2), 238 बीएनएस तथा 3/25 आर्म्स एक्ट के तहत भी कार्रवाई की गई है। पुलिस पूछताछ में साजिद ने बताया कि उसने करीब छह माह पूर्व 12 बोर का तमंचा महुआखेड़ागंज निवासी जमील से लिया था।
पुलिस के मुताबिक, घटना के दौरान साजिद की छोटी बेटी और मेहविश के बीच छीना-झपटी हुई। इसी दौरान साजिद की छोटी बेटी से गोली चल गई, जो मेहविश को लगी और उसकी मौत हो गई। पुलिस का कहना है कि घटना के बाद साजिद और उसकी पुत्री फिजा ने फर्श पर पड़े खून के धब्बों को मिटाने का प्रयास किया। इसके बाद साजिद ने शव को अपने घर से हटाकर मृतका के घर पहुंचा दिया, ताकि घटनास्थल को बदला जा सके।
पुलिस के अनुसार, तीनों आरोपी इसके बाद फरार होने की फिराक में थे, लेकिन पुलिस ने उन्हें दबोच लिया। पुलिस ने साजिद पुत्र जुम्मा (50), सबीना पुत्री साजिद (18) और फिजा पुत्री साजिद (20) को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया।
पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक मोहन चंद्र पांडेय, चौकी प्रभारी पैगा विक्रम सिंह धामी, अ0उ0नि0 दीपक चौहान, कांस्टेबल हरीश नेगी, जगदीश दुगताळ, महिला कांस्टेबल राधा गोस्वामी और कांस्टेबल धर्मेंद्र भारती शामिल रहे।




