शिक्षा विभाग ने स्कूलों के लिए जारी की एक और गाइडलाइन, भीषण गर्मी में रखना है बच्चों का ख्याल

नैनीताल। बढ़ता तापमान स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें भी पैदा कर सकता है। ऐसे में शिक्षा विभाग ने विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और लू लगने के प्रभावों की रोकथाम के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। सभी स्कूलों को परिसर में फर्स्ट एड बॉक्स की समुचित व्यवस्था करने और दिन के समय इनडोर खेलों को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए गए हैं। विद्यार्थियों को तेज गर्मी से बचाव के लिए ढीले, सूती और पूरी आस्तीन के कपड़े पहनकर विद्यालय आने के निर्देश दिए गए हैं। सीईओ की ओर से सभी बीईओ और उपशिक्षाधिकारियों को जारी निर्देश में विद्यालय परिसर में छात्र-छात्राओं के लिए स्वच्छ और शीतल पेयजल की व्यवस्था करने के लिए कहा गया है।
एडवायजरी के अनुसार चक्कर आना, सिरदर्द, अत्यधिक कमजोरी, तेज बुखार, पसीना आने पर बच्चों और स्कूलों को जागरूक करने और तत्काल प्राथमिक उपचार या चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराने के लिए कहा गया है। विद्यार्थियों को विद्यालय और घर दोनों स्थानों पर अधिक मात्रा में पानी पीने के लिए प्रेरित करने के निर्देश दिए गए हैं। तेज धूप में कक्षा-कक्षों में प्रकाश, पंखों और वायु संचार की पर्याप्त व्यवस्था के साथ ही आवश्यकतानुसार खिड़कियां और दरवाजे भी बंद करने के लिए कहा गया है। मुख्य शिक्षाधिकारी नैनीताल गोविंद राम जायसवाल ने बताया कि दिए गए दिशा-निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन करने के लिए कहा गया है। हमारी पहली प्राथमिकता छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य और सुरक्षा को सर्वाेच्च प्राथमिकता देना है। जल्द ही कक्षा एक से पांच तक के विद्यार्थियों के स्कूल से छुट्टी का समय भी घटाया जाएगा।




