नैनीताल जनपद में सरकारी वाहनों पर सख्ती…जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने लागू किया ग्रीन डिसिप्लिन

नैनीताल में ईंधन बचत, ऊर्जा संरक्षण और पर्यावरण सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन अब पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है। मुख्य सचिव, उत्तराखण्ड शासन के निर्देशों के क्रम में जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने जनपद के सभी अधिकारियों, कर्मचारियों और विभागों के लिए कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि जारी आदेशों का प्रत्येक दशा में सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही या उल्लंघन को गंभीरता से लिया जाएगा।
शनिवार को सिर्फ पब्लिक ट्रांसपोर्ट से होगा कार्यालय आवागमन
नई व्यवस्था के तहत अब जनपद के सभी अधिकारी और कर्मचारी प्रत्येक शनिवार को कार्यालय आने-जाने के लिए सार्वजनिक परिवहन का ही इस्तेमाल करेंगे। प्रशासन का मानना है कि इससे ईंधन की बचत के साथ-साथ ट्रैफिक और कार्बन उत्सर्जन में भी कमी आएगी।
निजी आवास से सरकारी वाहन लाने पर पूर्ण प्रतिबंध…
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने निर्देश दिए हैं कि अधिकारी केवल सरकारी आवास से कार्यालय जाने हेतु ही सरकारी वाहन का प्रयोग कर सकेंगे। निजी आवास से कार्यालय आने-जाने के लिए सरकारी वाहन के उपयोग पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है।
साथ ही प्रत्येक अधिकारी केवल एक सरकारी वाहन का ही उपयोग करेगा और वह भी केवल अत्यावश्यक राजकीय कार्यों के लिए।
ई-वाहनों और कार पूलिंग को मिलेगा बढ़ावा..
जिन अधिकारियों और कर्मचारियों के पास ई-वाहन उपलब्ध हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर प्रयोग करने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, नजदीकी क्षेत्रों से आने वाले कार्मिकों को कार पूलिंग अपनाने की सलाह दी गई है।
प्रशासन ने सरकारी बैठकों में वर्चुअल मीटिंग्स को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया है, ताकि अनावश्यक यात्रा को कम किया जा सके।
AC के तापमान से लेकर लाइटिंग तक पर नियंत्रण..
ऊर्जा संरक्षण के तहत सरकारी कार्यालयों में एसी का तापमान 24 से 26 डिग्री सेंटीग्रेट के बीच रखने के निर्देश दिए गए हैं। अनावश्यक एसी उपयोग और सजावटी लाइटिंग पर भी सख्त नियंत्रण रखने को कहा गया है।
जिलाधिकारी ने कहा कि यह पहल केवल ईंधन बचत तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग की दिशा में एक बड़ा कदम है। सभी विभागाध्यक्षों और कार्यालयाध्यक्षों को आदेशों का तत्काल प्रभाव से पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए हैं।




